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11th December, 20185 min read

तनाव और चिंता के 5 सामान्य प्रकार

मेडिकल समीक्षा के साथ

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यह लेख मूल रूप से अंग्रेजी में लिखा गया था। इस लेख का मूल संस्करण यहां देखा जा सकता है।

चिंता (Anxiety) अत्यधिक परेशानी, घबराहट, भय या बेचैनी की भावना है। हर कोई कभी न कभी इससे पीड़ित होता है, लेकिन बहुत ज्यादा चिंतित होने से आपकी रोजमर्रा की जिंदगी में काम करने की क्षमता प्रभावित होती है।

यह चिंता के विकारों से पीड़ित लोगों के लिए एक सामान्य वास्तविकता है।

जितना आप सोचते हैं उससे कहीं ज्यादा चिंता सम्बंधी विकार लोगों को होता है। अकेले यूएस में ही, हर वर्ष पूरी जनसंख्‍या के 18.1% लोग इससे ग्रसित हो जाते हैं। (In the US alone, 18.1% of the population suffer from them every year)

चिंता (Anxiety) के लक्षण निम्‍न होते हैं:

  • खतरे, घबराहट या कुछ बुरा होने की भावना
  • हृदय की तेज धड़कन (Rapid heart rate)
  • तेजी से सांस लेना (Rapid breathing (hyperventilating) )
  • बहुत ज़्यादा पसीना आना (sweating)
  • कांपना या थरथराना (Trembling or shaking)
  • ध्यान केंद्रित करने या सोचने में परेशानी होना
  • पाचन (digestion) में समस्‍या
  • चिंता के कारण को नकारते रहना

अलग-अलग ट्रिगर के साथ कई प्रकार की चिंताएं होती हैं। एक समय में एक से अधिक चिंताएं हो सकती हैं जिसे अवसाद या डिप्रेशन (depression) के नाम से भी जाना जाता है।अवसाद से ग्रस्त आधे से ज्यादा लोगों में तनाव विकार भी पाया जाता है।

अच्छी बात यह है कि चिंता विकार का उपचार किया जा सकता है (anxiety disorders can be treated। अगर आप अपने मानसिक स्‍वास्‍थ्‍य को लेकर सजग हैं तो अपने डॉक्टर से इस बारे में बात करें और उनसे सही सलाह व उपचार लें।

सबसे सामान्‍य चिंता विकारों और प्रकार व उनके कारणों के बारे में आगे पढ़ें।

जुनूनी-बाध्यकारी विकार या ऑब्सेसिव कंपल्सिव डिसऑर्डर (OCD)

ओसीडी (OCD) से ग्रसित लोगों में अक्सर जुनूनी विचार और बाध्यकारी व्यवहार होते हैं। ओसीडी (OCD) के विभिन्न प्रकारों में शामिल हैं:

  • बार बार चीज़ों को चेक करना (Checking)
  • चीज़ों को बाध्यता से करना
  • समरूपता और क्रमबद्धता (Symmetry and ordering)
  • हस्‍तक्षेप करने वाले विचार (Intrusive thoughts)
  • संचय या होर्डिंग (Hoarding)

जुनून का स्तर और इससे ग्रसित लोगों का बाध्यकारी व्यवहार, ओसीडी (OCD) के प्रकार पर निर्भर करता है।

ओसीडी (OCD) से ग्रसित लोग अक्सर अपने हाथों को बार-बार धोते हैं, जबकि कुछ लोग कई बार चेक करते हैं कि दरवाजा सही से बंद है या नहीं।

अगर ओसीडी (OCD) से आपके जीवन पर प्रभाव पड़ता है तो इस बारे में अपने डॉक्टर से बात करें।

सामाजिक चिंता विकार (Social anxiety disorder)

सामाजिक चिंता से ग्रसित लोग, अक्सर रोजमर्रा की गतिविधियों जैसे - बातचीत शुरू करने और आलोचना होने से डरते हैं।

हालांकि, कुछ सामाजिक स्थितियों के बारे में चिंतित होना सामान्य बात है, लेकिन सामाजिक चिंता आपको पहले से अधिक चिंताग्रस्त बना देती है, ऐसा सामाजिक चिंता करने से पहले और बाद में होता है।

यदि आप सामाजिक चिंता से ग्रस्त हैं और इससे आपके दैनिक जीवन पर प्रभाव पड़ता है तो डॉक्टर से अवश्य मिलें।

सामान्यीकृत चिंता विकार या जनरलाइज़्ड ऐंगज़ाइअटी डिसऑर्डर (Generalised anxiety disorder)

सामान्यीकृत चिंता विकार या जनरलाइज्ड ऐंगज़ाइअटी डिसऑर्डर (Generalised anxiety disorder) तब होता है जब आप किसी एक विशेष चीज़ के बारे में न सोचकर कई सारी बातों के बारे में सोचते हैं।

एक समस्या के हल होते ही आप दूसरी समस्या के बारे में चिंतित होने लगते हैं। ऐसा कोई जरूरी नहीं है कि आप हर बार अपनी चिंता के कारण को जानते हों।

अगर आपको इस समस्या के लक्षण छ: महीने या उससे अधिक रहते हैं, तो इस समस्या का पता लगाया जाना सही रहता है।

पोस्ट-ट्रॉमैटिक स्ट्रेस डिसऑर्डर (PTSD)

पीटीएसडी (PTSD), दर्दनाक, तनावपूर्ण या भयावह घटनाओं के कारण होता है। पीटीएसडी के कुछ संभावित कारणों में सड़क दुर्घटनाएँ, प्राकृतिक आपदाएं और सैन्य युद्ध शामिल हैं।

पीटीएसडी से ग्रसित लोगों को घटित घटनाओं के बारे में बुरे सपने या फ्लैशबैक का अनुभव हो सकता है।

इससे पीड़ित लोग अलगाव, अपराध और चिड़चिड़ापन की भावनाओं को झेल सकते हैं। नींद संबंधी समस्या, जैसे अनिद्रा, उनके दैनिक जीवन को बिगाड़ सकती है।

यदि आपको लगता है कि आप पीटीएसडी से पीड़ित हैं, तो अपने डॉक्टर से संपर्क करें।

पैनिक डिसऑर्डर (Panic disorder)

पैनिक डिसऑर्डर (Panic disorder) से ग्रसित लोगों को अक्सर पैनिक अटैक पड़ते हैं। ये अटैक किसी मन में पैदा हुए भय के कारण होते हैं।

इसके अलावा, आपको कुछ प्रकार के शारीरिक लक्षणों का अनुभव भी हो सकता है:

  • सांस लेने में दिक्कत होना (Difficulty breathing)
  • घबराहट होना Palpitations
  • बहुत अधिक पसीना आना
  • कंपकपाना

ये लक्षण बहुत डरावने हो सकते हैं और आपको एहसास नहीं हो सकता है कि वे ही चिंता के कारण हैं।

यदि आपको लगता है कि आकस्मिक भय विकार या पैनिक डिसऑर्डर (Panic disorder) आपके जीवन को प्रभावित कर रहा है तो डॉक्टर से मिलें।

निष्‍कर्ष

कुछ परिस्थितियों में चिंता होना, नर्वस होना या असहज महसूस करना सामान्य बात है, लेकिन यदि आपको ऐसा लगता है कि आप हमेशा इन दिक्कतों से जूझते आ रहे हैं तो आप तनाव और चिंता सम्बंधी विकारों से ग्रसित हो सकते हैं।

चिंता होने का कोई विशेष कारण हो सकता है या रोजमर्रा की जिंदगी में घटित होने वाली कोई गतिविधि ही इसके पीछे का कारण होती है जिससे ऐंज़ाइयटी डिसऑर्डर पनपता है।

अगर आप इसके लक्षणों से काफी परेशानी महसूस करते हैं तो आपको अपने डॉक्टर से इस बारे में परामर्श लेना चाहिए और सही ट्रीटमेंट लेना चाहिए।

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महत्वपूर्ण सूचना: हमारी वेबसाइट उपयोगी जानकारी प्रदान करती है लेकिन ये जानकारी चिकित्सीय सलाह का विकल्प नहीं है। अपने स्वास्थ्य के बारे में कोई निर्णय लेते समय आपको हमेशा अपने डॉक्टर की सलाह लेनी चाहिए।