COVID-19: नवीनतम सूचनाओं के लिए यहाँ क्लिक करें

×
31st March, 20208 min read

कोरोनावायरस: हल्के, मध्यम और गंभीर COVID-19 के बीच क्या अंतर है?

Medical Reviewer: Healthily's medical team
Author: Dr Mary Lowth
मेडिकल समीक्षा के साथ

स्वास्थ्य संबंधी सभी लेखों की चिकित्सीय सुरक्षा जांच की जाती है ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि जानकारी चिकित्सकीय रूप से सुरक्षित है। अधिक जानकारी के लिए हमारी सम्पादकीय नीति देखें।

यह लेख मूल रूप से अंग्रेजी में लिखा गया था। इस लेख का मूल संस्करण यहां देखा जा सकता है। यह Dr Mary Lowth द्वारा लिखा गया है और Healthily's medical team ने इसकी मेडिकल समीक्षा की है।

दुनिया भर में, 100 मिलियन से अधिक लोगों में COVID-19 की पुष्टि की गई है, लेकिन बीमारी की गंभीरता में काफी अंतर हो सकता है।

संक्रमण को समझने के पैमाने और वैश्विक प्रयासों के बावजूद, अभी तक, लोगों को यह समझने में मदद करने के लिए कोई आधिकारिक परिभाषा नहीं है कि डॉक्टरों का हल्के, मध्यम या गंभीर कोविड-19 से क्या तात्पर्य है?

कुछ लोग जिनमें बीमारी की पुष्टि हुई पर उनमें कोई भी लक्षण नहीं पाया गया।

Dr Mary Lowth, लंदन की एक डॉक्टर लिखती हैं कि बीमारी की गंभीरता के अलग-अलग वर्ग चिकित्सकों के सामने आ रहे हैं, लेकिन लोगों के पास इन्हें जानने के लिए डॉक्टर की सीधी सलाह के अलावा कोई अन्य विकल्प नहीं है, जनता को गंभीरता के इन स्तर के बीच अंतर जानने से फायदा होगा।

बीमारी के अलग-अलग स्तर (Degrees of illness)

यह ध्यान रखना महत्वपूर्ण है कि बीमारी के अधिक गंभीर रूप, कम गंभीर रूपों की तुलना में बहुत कम हैं। अधिकांश लोग जो युवा और स्वस्थ हैं, उनके समूह 2 (हल्के) या 3 (मध्यम) में होने की संभावना है।

अधिकांश स्वस्थ युवा लोग COVID-19 का एक महत्वपूर्ण रूप विकसित नहीं करते हैं। हालांकि, कुछ युवा गंभीर रूप से प्रभावित हुए हैं, और यहां तक कि उनकी मृत्यु भी हो गई।

कुछ लोगों में, दूसरों की तुलना में गंभीर रूप से बीमार होने की संभावना अधिक होती है। यह जोखिम उम्र के साथ बढ़ता है - आप जितने बड़े होते हैं, आपका जोखिम उतना अधिक होता है। 85 वर्ष या इससे अधिक उम्र के लोग सबसे अधिक जोखिम में हैं।

कुछ मेडिकल स्थितियां भी आपके जोखिम को बढ़ाती हैं, और यह किसी भी उम्र के वयस्कों पर लागू होता है। इन स्थितियों में कैंसर, क्रॉनिक किडनी रोग, क्रॉनिक ऑब्सट्रक्टिव पल्मोनरी डिसीस (सीओपीडी) (COPD), Down’s सिंड्रोम, दिल की स्थितियां , अंग प्रत्यारोपण से कमजोर प्रतिरक्षा प्रणाली, गंभीर मोटापा (40 से अधिक का बॉडी मास इंडेक्स), गर्भावस्था, सिकल सेल रोग , धूम्रपान, और टाइप 2 मधुमेह शामिल हैं।
कुछ अन्य मेडिकल स्थितियां भी खतरे को बढ़ा सकती है लेकिन अभी तक कुछ ज्ञात नहीं है।

वर्तमान में, गंभीरता के संदर्भ में COVID-19 जिस तरीके से सामने आता है, उसके बारे में डॉक्टर बताते हैं।
आमतौर पर इस्तेमाल की जाने वाली टर्म्स हैं:

  • एसिम्टोमैटिक
  • हल्का
  • मध्यम
  • गंभीर
  • नाज़ुक

बिना लक्षण वाला कोविड-19 (Asymptomatic COVID-19)

एसिम्टोमैटिक होने का मतलब है कि आपको कोई लक्षण नहीं है।

शोध बताते हैं कि हर 5 में से 1 व्यक्ति बिना किसी लक्षण के कोविड-19 से ग्रस्त है।

अगर आप एक घर में ऐसे लोगों के साथ रहते हैं जिन्हे लगता है कि उन्हे संक्रमण है, क्योकि वो लक्षण महसूस करते हैं पर आपको कोई लक्षण नहीं है तो आप एसिम्टोमैटिक केस हो सकते हैं।

हल्का कोविड-19 (mild COVID-19)

अधिकांश स्वस्थ लोग जिन्हे लक्षण महसूस होते हैं, उनमें बीमारी का यह रूप होगा। लक्षण आमतौर पर 7 से 10 दिनों तक रहते हैं और हल्के कोविड-19 वाले अधिकांश लोग 2 से 4 सप्ताह में बेहतर हो जाते हैं।

अधिकांश हल्के मामले कम गंभीर रहेंगे। हालांकि, हल्की बीमारी वाले लोगों की स्थिति कभी-कभी बद्तर हो सकती है, और कमजोर समूहों में इसकी संभावना अधिक होती है।

वायरस मुख्य रूप से आपके ऊपरी श्वसन पथ (अपर रेस्पिरेटरी ट्रैक्ट) में बड़े वायुमार्ग को प्रभावित करता है। फेफड़े, बड़े से वायुमार्ग (श्वसनी) (ब्रांकाई) से बने होते हैं, जो अपने सिरे पर छोटे वायु कोषों (अल्वियओली) के साथ छोटे वायुमार्ग (ब्रान्किओल) की ओर ले जाते हैं।

आपके फेफड़ों में सर्फैक्टेंट नामक एक तरल पदार्थ होता है, जो उन्हें फैलाता रहता है और वायु की थैली को खुला रखने में मदद करता है।

जब आपको कोरोनावायरस होता है, तो वायरस इन वायुमार्गों को फुला देता है और बीमारी की गंभीरता, सूजन की तीव्रता और फेफड़ों में ये कितनी दूर तक फैली है, पर निर्भर करती है।

हल्की बीमारी के मुख्य लक्षणों में शामिल है-

  • तापमान
  • सूखी खांसी
  • थकान
  • स्वाद या सूँघने की क्षमता में कमी
  • मांसपेशियों में दर्द
  • सिरदर्द
  • गले में ख़राश
  • डायरिया

कुछ लक्षण हैं जो कम सामान्य हैं, जैसे बहती नाक, सूजी या लाल आंखें, उल्टी, डायरिया और त्वचा पर चकत्ते। इसमें आपका मूड भी थोड़ा खराब रह सकता है, जैसा कई वायरल बीमारियो में होता है।

मध्यम कोविड-19 (Moderate COVID-19)

यदि आपकी बीमारी बद्तर हो जाती है, तो आपको मॉडरेट लक्षण हो सकते हैं - यह आम है। कोविड-19 वाले अधिकांश लोग 2 से 4 सप्ताह में ठीक हो जाते हैं।

मध्यम बीमारी वाले लोग साँस लेने में अधिक परेशानी और दिल का तेज़ी से धड़कना महसूस करते हैं, खासकर यदि वे घूम रहे हों। यह फेफड़ों में आगे सूजन के कारण होता है, इसलिए खांसी और सांस फूलना जैसे लक्षण बदतर हो सकते हैं।

इन लक्षणों के अतिरिक्त, आप हल्का बीमार महसूस कर सकते हैं, आपको ये अनुभव भी हो सकते हैं:

  • 37.8 C से अधिक तापमान
  • मध्यम व्यायाम करते समय( जैसे कि सीढ़ियां चढ़ना) सांस फूलना
  • खांसने से पीड़ा महसूस होना, लेकिन दर्द में कमी
  • लगातार अधिक खांसी, एक घंटे मे कई बार
  • सिरदर्द, खासकर तब अगर आपको ज़्यादा तापमान हो
  • थकावट और बिस्तर में रहने की ज़रूरत लगना
  • सूखा हुआ मुंह

गंभीर कोविड-19 (Severe COVID-19)

बीमारी के गंभीर रूप वाले लोग निमोनिया से ग्रस्त हो सकते हैं, जो संक्रमण के कारण, छोटे वायु कोषों के नीचे फेफड़ों की सूजन है।

यदि आप वृद्ध हैं या आपकी कोई ऐसी स्वास्थ्य स्थिति है जो आपको कमज़ोर बनाती है तो आपके गंभीर रूप से बीमार होने की संभावना अधिक है। जो लोग स्वस्थ हैं, यह उन लोगों में असंभव नहीं है, बस बहुत कम आम है।

गंभीर कोविड-19 और उसके परिणामस्वरूप होने वाले निमोनिया के लक्षणों में शामिल है:

  • बहुत अधिक सांस फूलना – आप ज्यादा कुछ नहीं कर पाते ना ही आसानी से बोल नहीं पाते हैं।
  • जब आप सांस लेते हैं तो आपके सीने, पेट या पीठ में दर्द होता है
  • उच्च तापमान
  • छाती में खिंचाव
  • खाने या पीने की इच्छा में कमी
  • उलझन में होना
  • नीले होंठ या चेहरा

बीमारी के कारण होने वाले निमोनिया के अन्य सामान्य लक्षणों (और ज़रूरी नहीं कि आपको ये सारे लक्षण या इनमें से ज्यादा लक्षण हों) में शामिल हैं-

  • तीव्र और उथली श्वास
  • तेजी से दिल धड़कना
  • अस्वस्थ दिखना
  • निम्न रक्तचाप

[[कब चिंता करें]]
|अगर आपको या आपके किसी जानने वाले को इस तरह के लक्षण हैं, तो तुरंत फोन पर डॉक्टरी सलाह लें। यदि आप किसी से फोन पर बात करने में साँस फूलने की वजह से सक्षम नहीं हैं तो अपने स्थानीय आपातकालीन विभाग को फोन करें।

अत्यंत गंभीर कोविड-19 (Critical COVID-19)

अत्यंत गंभीर बीमारी वाले लोग बहुत अस्वस्थ होते हैं और गंभीर निमोनिया से ग्रस्त हो जाते हैं। ऐसा होने की संभावना, किसी ऐसे व्यक्ति में बहुत कम है जो वैसे पूरी तरह से स्वस्थ हो।

सिवियर एक्यूट रेस्पिरेटरी सिंड्रोम (severe acute respiratory syndrome) (SARS) नामक एक स्थिति विकसित हो सकती है - जब फेफड़ों में छोटी हवा की थैली इतनी सूज जाती है और गीली हो जाती है कि वे बंद हो जाती हैं और सर्फेक्टेंट छोटे वायु कोषो को खुला हुआ नहीं रख सकता है।

अगर ऐसा होता है, तो आपको अपने फेफड़ों में हवा भरने के लिए वेंटिलेटर की ज़रूरत होगी।

सबसे खराब मामलों में, लोग सेप्सिस विकसित कर सकते हैं, जिसके कारण अन्य अंग काम करना बंद कर देते हैं।

अगर आपको इंटेंसिव केयर हेल्प मिलती है तो आपके लिए अत्यंत गंभीर कोविड-19 से बच जाना संभव है लेकिन ये भी हमेशा पर्याप्त नहीं होता है।

हालांकि ज्यादातर लोगों में (बुजुर्ग, अधिक कमज़ोर व्यस्क समेत) सेप्सिस विकसित नहीं होगा, दुनिया में होने वाले कोरोनोवायरस मामलों की संख्या बताती है कि जिन लोगों में सेप्सिस विकसित होता है, उनकी संख्या प्रभावित लोगों की तुलना में बेहद कम है।


अगर आपको लगता है कि आपको कोरोनावायरस है, तो आप अपने लक्षण जांचने और दुनिया भर के अन्य लोगों के साथ उनकी तुलना करने के लिए हमारे कोविड-19 सिम्टम मैपर का उपयोग कर सकते हैं।

इससे आपको इस बात की बेहतर समझ मिलनी चाहिए कि बीमारी आपको कैसे प्रभावित कर रही है और इससे हमें इस बीमारी की चपेट में आए लोगों की मैपिंग करने में मदद मिलेगी।

क्या यह लेख उपयोगी था?

महत्वपूर्ण सूचना: हमारी वेबसाइट उपयोगी जानकारी प्रदान करती है लेकिन ये जानकारी चिकित्सीय सलाह का विकल्प नहीं है। अपने स्वास्थ्य के बारे में कोई निर्णय लेते समय आपको हमेशा अपने डॉक्टर की सलाह लेनी चाहिए।