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पुरुषों में मध्य आयु की समस्याएँ

मेडिकली रिव्यूड

अमूमन पुरुषों में उनके मध्यावधि जीवन के क्राइसिस(male midlife crisis) का अक्सर मज़ाक बनाया जाता है, लेकिन कई पुरुषों के लिए यह एक तनावपूर्ण अनुभव होता है।

मध्यावधि काल का तनाव , किसी पुरुष की जिंदगी में तब होता है , जब वह ऐसा समझते हैं कि उनकी आधी जिंदगी निकल गई है और अब समय खत्म हो रहा है।

यह कोई चिकित्सीय स्थिति नहीं है किंतु जो लोग मध्यावधि जीवन संकट से ग्रसित होते हैं, उन्हें तनाव और चिंता का अनुभव होता है।

मध्यावधि जीवन के क्राइसिस की स्थिति से ग्रस्त होने की कोई निर्धारित आयु सीमा नहीं होती। यह सामान्य तौर पर 35 से 50 की उम्र के बीच में कभी भी हो सकता है।

डॉक्टर डेरिक, जो एक मनोवैज्ञानिक हैं, उनका मानना है कि ‘यदि मैं यह सलाह दे रहा हूं कि इससे कैसे उबरे, तो मैं यह भी सुझाव देना चाहूँगा कि यदि आप निराश महसूस कर रहे हैं तो अपने डॉक्टर से बात करें। ऐसा इसलिए, क्योंकि अवसाद मध्यावधि जीवन संकट का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है।

आपके जीवन में अवसाद के ये भाव जीवन में आए किसी बड़े बदलाव का कारण हो सकते हैं। जैसे कि तलाक, अलगाव, लंबी चली आ रही बीमारी, किसी की मृत्यु या बेरोज़गार हो जाना । कभी-कभी इसका कोई कारण नहीं होता , लेकिन फिर भी यह लोगों में नजर आता है ।

अवसाद के लक्षणों में शामिल है:

  • करीब दो हफ्ते तक मूड का खराब रहना।
  • जीवन में कोई उत्साह ना रहना।
  • निराशाजनक महसूस करना।
  • थकावट महसूस करना या जोश में कमी महसूस होना
  • रोज़मर्रा के कामों में ध्यान लगाने में खुद को असमर्थ महसूस करना जैसे कि अखबार पढ़ने या टीवी देखने में
  • सामान्य से ज्यादा सोना या सोने में परेशानी महसूस करना

निराशा से उबरने के लिए सलाह प्राप्त करें।

यदि आप कुछ हफ्तों से खुद को निराश या अवसाद से ग्रसित महसूस कर रहे हैं तो अपने डॉक्टर से बात करें।

दूसरे मध्यावधि जीवन लक्षण

कई पुरुषों को, जो 40 की उम्र से ज्यादा और 50 की उम्र के करीब होते हैं, वह अक्सर कामवासना में कमी, व्यवहार में अचानक बदलाव आना और अन्य प्रकार के शारीरिक और भावनात्मक लक्षणों का अनुभव करते हैं।

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सामग्री का स्त्रोतNHS लोगोnhs.uk
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महत्वपूर्ण सूचना: हमारी वेबसाइट उपयोगी जानकारी प्रदान करती है लेकिन ये जानकारी चिकित्सीय सलाह का विकल्प नहीं है। अपने स्वास्थ्य के बारे में कोई निर्णय लेते समय आपको हमेशा अपने डॉक्टर की सलाह लेनी चाहिए।

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