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मोशन सिकनेस (Motion sickness)

मेडिकल समीक्षा के साथ

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यह लेख मूल रूप से अंग्रेजी में लिखा गया था। इस लेख का मूल संस्करण यहां देखा जा सकता है।

मोशन सिकनेस क्या है?

जब आप यात्रा कर रहे हों उस वक्त चक्कर, मतली और उल्टी जैसे अप्रिय लक्षणों को मोशन सिकनेस के नाम से जाना जाता है।

मोशन सिकनेस को इन नामों से भी जाना जाता है:

  • ट्रैवल सिकनेस (travel sickness)
  • सी सिकनेस (sea sickness)
  • कार सिकनेस (car sickness)
  • एयर सिकनेस (air sickness)

ज्यादातर मामलों में, जैसे-जैसे आपका शरीर उन स्थितियों के अनुरूप खुद को ढालने लगता है जिनसे ये समस्या हो रही है, मोशन सिकनेस के लक्षणों में सुधार होने लगता है।

उदाहरण के तौर पर, अगर आपको एक क्रूज शिप पर मोशन सिकनेस (Motion sickness) के लक्षण महसूस हो रहे हैं तो कुछ दिनों बाद इन लक्षणों में सुधार होना चाहिए। हालांकि, कुछ व्यक्तियों का शरीर वातावरण के अनुसार खुद को अनुकूल नहीं बना पाता है और इसलिए उन्हें तब तक ये लक्षण महसूस होते हैं जब तक वो उस वातावरण से निकल नहीं जाते।

मोशन सिकनेस (Motion sickness) के लक्षणों के बारे में और पढ़ें।

डॉक्टरी सलाह लेने की जरूरत कब होती है? (When to seek medical advice)

आपको मोशन सिकनेस के लिए डॉक्टरी सलाह लेने की जरूरत सिर्फ तब है अगर यात्रा बंद करने के बाद भी आपको इसके लक्षण महसूस होते हैं। अगर ऐसा होता है, तो आप डॉक्टर को दिखाएं ताकि वो इन लक्षणों की अन्य संभावित वजहों का पता लगा सके जैसे कि आंतरिक कान का वायरल संक्रमण। इसे लेब्रिनथाइटिस (Labyrinthitis) के नाम से जाना जाता है।

मोशन सिकनेस के क्या कारण हैं? (What causes motion sickness)

मोशन सिकनेस तब महसूस होता है जब आपकी आंखें जो देखती है और आपके कान के अंदरूनी भाग (जो बैलेंस और सेंस में मदद करते हैं) के द्वारा जो सुना जाता है, उसमें अंतर होता है। आपके मस्तिष्क तक विरोधाभासी जानकारी पहुंचती है जिसकी वजह से मोशन सिकनेस के लक्षण महसूस होते हैं।

यह तब हो सकता है जब आप सड़क, वायु, रेल या समुद्र से यात्रा कर रहे हों। मोशन सिकनेस के कम सामान्य कारणों में कंप्यूटर गेम या फिल्म देखना शामिल है।

मोशन सिकनेस (Motion sickness) के कारणों के बारे में और पढ़ें।

मोशन सिकनेस का इलाज (Treating motion sickness)

मोशन सिकनेस के हल्के लक्षणों को खुद की देखभाल के तरीकों से सुधारा जा सकता है, जैसे अपनी आंखों से क्षितिज की ओर देखना और म्यूजिक सुनकर खुद का ध्यान भटकाना।

मोशन सिकनेस के अधिक गंभीर लक्षणों को दवाइयों से ठीक किया जा सकता है। [Hyoscine] एक दवा है जो व्यापक रूप से मोशन सिकनेस का इलाज करने के लिए उपयोग की जाती है और इसका एक अच्छा ट्रैक रिकॉर्ड है।

कुछ लोगों में अतिरिक्त उपचार जैसे अदरक की गोलियां या एक्यूप्रेशर कलाई बंद (acupressure wristband) पहनना भी मदद कर सकते हैं।

मोशन सिकनेस (Motion sickness) के इलाज के बारे में और पढ़ें।

मोशन सिकनेस कितने आम है? (How common is motion sickness)

ऐसा सोचा जाता है कि सभी को मोशन सिकनेस हो सकता है लेकिन कुछ लोग दूसरों की तुलना में इसकी चपेट में अधिक आ सकते हैं।

उदाहरण के तौर पर, अशांत समुद्र में एक शिप में मौजूद लगभग सभी को मोशन सिकनेस होने की संभावना होती है। हालांकि, 10 में से 3 लोगों को सड़क, समुद्र या हवाई यात्रा पर नियमित रूप से मोशन सिकनेस के लक्षण हो सकते हैं।

महिलाओं को पुरुषों की तुलना में मोशन सिकनेस की संभावना अधिक होती है, विशेष रूप से तब जब वो गर्भवती हों या उनकी माहवारी के दौरान। जो लोग माइग्रेन से प्रभावित होते हैं उन्हें भी मोशन सिकनेस होने की संभावना अधिक होती है और मोशन सिकनेस के वक्त पर ही माइग्रेन होने की भी संभावना होती है।

मोशन सिकनेस 3 से 12 साल तक के बच्चों में भी आम है। इस उम्र के बाद अधिकांश किशोर मोशन सिकनेस से बाहर निकल आते हैं।

मोशन सिकनेस के लक्षण (Symptoms of motion sickness)

मोशन सिकनेस के लक्षणों की शुरुआत उबकाई आने (जी मिचलाना) से होती है, फिर पेट के ऊपर के हिस्से में अजीब सा महसूस होना और बढ़ते-बढ़ते ज्यादा उबकाई महसूस करने लगना होता है।

इन लक्षणों के बाद, कुछ और गंभीर लक्षण भी महसूस हो सकते हैं, जैसे

  • पीली त्वचा (pale skin)
  • ठंडा पसीना आना (cold sweat)
  • चक्कर आना (dizziness)
  • मुंह में अधिक लार बनना (increased production of saliva)
  • उल्टी आना (vomiting)

कुछ लोगों को और अतिरिक्त लक्षण महसूस होते हैं जिनमें शामिल हैं:

  • तेज़ या कम मात्रा में सांस लेना
  • सिर में दर्द होना
  • ज्यादा नींद आना
  • अधिक थकान होना

मल डी डेबर्कमेंट सिंड्रोम (Mal de debarquement syndrome)

मल डी डेबर्कमेंट सिंड्रोम का मतलब “विच्छेदन (disembarkation) की बीमारी” है। ये एक दुर्लभ स्थिति है जो नाव या प्लेन में यात्रा करने से पैदा होती है। यात्रा समाप्त होने के बाद भी लक्षण रहते हैं।

मोशन सिकनेस के आम लक्षणों जैसे कि जी मिचलाना के स्थान पर, जो लोग मल डी डेबर्कमेंट सिंड्रोम (Mal de debarquement syndrome) से ग्रस्त हैं उन्हें ऐसा महसूस होता है जैसे कि वो अभी भी हिल रहे हैं या ऊपर नीचे हो रहे हैं। इसे ऐसे भी कहा जा सकता है कि उन्हें लगता है जैसे वो अभी भी नाव पर ही हैं। काफी लोगों को ऐसा यात्रा के कुछ घंटे बाद तक लगता है लेकिन जिन लोगों को मल डी डेबर्कमेंट सिंड्रोम (Mal de debarquement syndrome) की समस्या है, उनमें ये लक्षण महीनों या फिर सालों तक रह सकते हैं।

मोशन सिकनेस क्यों होता है? (hat causes motion sickness)

जब हमारी इंद्रिया आपस में संघर्ष करती है तो उसे  मोशन सिकनेस का कारण माना जाता है। ये आमतौर पर यात्रा की वजह से होता है लेकिन कुछ राइड्स, कुछ प्रकार की फिल्में देखने या कम्प्यूटर गेम्स से भी हो सकता है।

यात्रा के सम्बंधित मोशन सिकनेस (Travel-associated motion sickness)

इस प्रकार की यात्राओं से मोशन सिकनेस होने की संभावना होती है:

  • नाव और शिप में यात्रा
  • हवाई यात्रा
  • कार की यात्रा
  • ट्रेन की यात्रा

अन्य प्रकार की गति जैसे फेयरग्राउंड राइड्स या झूलों से भी मोशन सिकनेस हो सकता है।

बिना यात्रा के मोशन सिकनेस (Motion sickness without travel)

मोशन सिकनेस कभी-कभी तब भी हो सकता है जब आप यात्रा ना कर रहे हो। उदाहरण के तौर पर, तेज गति वाले कम्प्यूटर गेम्स, जैसे रेसिंग गेम्स खेलने के बाद भी लोगों में मोशन सिकनेस (Motion sickness) के लक्षणों का अनुभव होते देखा गया है।

ऐसा इसलिए होता है क्योंकि कम्प्यूटर ग्राफिक्स के रियल लगने के कारण, आंखों द्वारा दी गई जानकारी और vestibular system (वेस्टिबुलर सिस्टम) के द्वारा दी गई जानकारी में अंतर पैदा हो सकता है। कुछ लोगों को मोशन सिकनेस (Motion sickness), किसी ऐसी फिल्म को देखते वक्त जो कंपन करने वाले कैमरे पर शूट की गई है या फिर किसी वर्चुअल रियलिटी गेम या राइट में भाग लेते वक्त भी हो सकता है।

वेस्टिबुलर सिस्टम (The vestibular system)

मोशन सिकनेस (Motion sickness) के कारणों को जानने के लिए वेस्टिबुलर सिस्टम (vestibular system) के बारे में जानना उपयोगी रहता है।

वेस्टिबुलर सिस्टम (vestibular system), आपके आंतरिक कान के अंदर के नसों, छोटे चैनलों और तरल पदार्थों का एक जटिल संयोजन है। यह आपके मस्तिष्क को संतुलन और गति का सेंस प्रदान करता है।

उदाहरण के तौर पर जब आप खड़े होते हैं और सामने के दरवाज़े की तरफ चलते हैं तो आपके वेस्टिबुलर सिस्टम (vestibular system) के अंदर मौजूद फ्ल्यूड्स की स्थिति बदलेगी। वेस्टिबुलर सिस्टम (vestibular system), फ्ल्यूड्स की स्थिति में हुए परिवर्तन की जानकारी आपके मस्तिष्क को भेजेगा ताकि उसे पता रहे कि आप कैसे और कहां जा रहे हैं। ये आपके बाकी शरीर में बैलेंस बनाए रखने में मदद करता है।

मोशन सिकनेस थ्योरी (Motion sickness theory)

अधिकांश विशेषज्ञ इस थ्योरी को मानते हैं कि मोशन सिकनेस (Motion sickness) आपकी इंद्रियों के बीच जानकारी के टकराव के कारण होता है।

आपके मस्तिष्क को इस बात की जानकारी होती है कि आप कहां और कैसे जा रहे हैं? । यह लगातार आपकी आंखों और vestibular system(वेस्टिबुलर सिस्टम) से मिलने वाली जानकारी के साथ इसे अपडेट करता है। हालांकि जब इन दोनों इंद्रियों से मिली जानकारी एक जैसी नहीं होती है तो आपका मस्तिष्क आपकी तत्काल स्थिति को अपडेट नहीं कर सकता है और इसी के परिणामस्वरूप होने वाले कन्फ्यूजन से मोशन सिकनेस (Motion sickness) के लक्षण महसूस होंगे।

उदाहरण के तौर पर, अगर आप कार से सफर कर रहे हैं, तो मोशन सिकनेस (Motion sickness) हो सकती है, क्योंकि आपका दिमाग आपकी आंखों और वेस्टिबुलर सिस्टम (vestibular system) के द्वारा दी जा रही परस्पर विरोधी सूचनाओं का सामना नहीं कर सकता। आपकी आँखे आपके दिमाग को बताती है कि आप 30 मील प्रति घंटे से अधिक की यात्रा कर रहे हैं पर वेस्टिबुलर सिस्टम (vestibular system) आपके मस्तिष्क को बताता है कि आप अभी भी बैठे हैं।

जानकारियों में इसी असंतुलन के कारण मोशन सिकनेस (Motion sickness) के लक्षण महसूस हो सकते हैं, जैसे कि जी मिचलाना और उल्टी आना।

इलाज (Treatment)

मोशन सिकनेस के इलाज खुद की देखभाल के तरीकों से लेकर, दवाइयां और अतिरिक्त थैरेपी जैसे कि एक्यूप्रेशर बैंड तक हो सकते हैं।

खुद की देखभाल (Self-care)

नीचे दिए गए खुद की देखभाल के तरीकों का इस्तेमाल कर आपको मोशन सिकनेस (Motion sickness) के लक्षणों से आराम मिल सकता है।

सिर और शरीर की गति को कम से कम करें - यदि संभव हो, नाव या विमान में बीच की सीट या केबिन चुनें, क्योंकि ये वो जगह है जहां आप सबसे कम गति महसूस करेंगे। तकिये या हेडरेस्ट का उपयोग करने से आपके सिर को जितना संभव हो सके उतना स्थिर रखने में मदद मिल सकती है।

एक स्थिर वस्तु पर अपनी दृष्टि को रखें - उदाहरण के लिए, क्षितिज को देखें। ना ही कुछ पढ़े और ना ही खेलें क्योंकि इससे आपके लक्षण और भी बदतर हो सकते हैं। अपनी आंखें बंद करने से लक्षणों को दूर करने में मदद मिल सकती है।

खुली हवा लें - अगर संभव हो तो खिड़कियां खोले या ताज़ी हवा के लिए शिप के टॉप डेक पर जाएं। अधिक गर्मी से बचें।

आराम - संगीत सुनते हुए अपनी सांस पर फोकस करते हुए रिलैक्स करें या दिमागी कसरत जैसे कि गिनती को 100 से पीछे की तरफ गिनें।

खाना और पीना - सफर करने से पहले अधिक खाने या शराब पीने से बचें।

शांत रहें - सफर के बारे में चिंता करने की बजाय शांत रहे....आपको मोशन सिकनेस (Motion sickness) अनुभव होने की संभावना तब अधिक होती है जब आप उसके बारे में चिंता करते हैं।

दवा (Medication)

मोशन सिकनेस (Motion sickness) का इलाज करने के लिए कई दवाइयों का इस्तेमाल किया जा सकता है। पर क्योंकि मोशन सिकनेस (Motion sickness) डाइजेशन को धीमा कर देता है इसलिए अगर आपको पहले से लक्षण महसूस हो रहे हैं और आप दवा खाते हैं तो आपका शरीर दवा को अब्जॉर्ब नहीं करेगा। इसलिए आमतौर पर सफर शुरू होने से पहले दवा लेना अच्छा होता है ताकि लक्षणों को रोका जा सके।

हायोसीन (Hyoscine)

हायोसीन (Hyoscine)स्कोपोलेमाइन (scopolamine) के नाम से भी जाना जाता है, इसका व्यापक रूप से इस्तेमाल मोशन सिकनेस (Motion sickness) का इलाज करने के लिए होता है। यह आपके आंतरिक कान में vestibular system(वेस्टिबुलर सिस्टम) से भेजे गए कुछ तंत्रिका संकेतों को अवरुद्ध करने का काम करता है, जो मतली और उल्टी का कारण बन सकता है। vestibular system(वेस्टिबुलर सिस्टम) के बारे में और जानने के लिए मोशन सिकनेस (Motion sickness) के कारण देखें।

हायोसीन (Hyoscine) दवा की दुकानों पर आसानी से उपलब्ध होती है। इसका असर ठीक तरह से हो, इसके लिए जरूरी है कि आप हायोसीन (Hyoscine) सफर से पहले लें। अगर आप किसी लंबी यात्रा पर जा रह हैं, जैसे समुद्र की यात्रा, तो आपके शरीर पर हायोसीन (Hyoscine) पैचेज हर तीन दिन में लगाये जा सकते हैं।

हायोसीन (Hyoscine) के आम दुष्प्रभाव हैं:

  • अधिक नींद महसूस होना (drowsiness)
  • धुंधला दिखाई देना (blurred vision)
  • मुंह सूखना (dry mouth)
  • सिर चकराना (dizziness)
  • कब्ज़ (constipation)

इन दुष्प्रभावों की वजह से अगर आप कार से सफर कर रहे हैं और पूरे समय या कुछ समय ड्राइव करने वाले हैं तो हायोसीन (Hyoscine) को कभी ना लें।

हायोसीन (Hyoscine) के कम सामान्य दुष्प्रभाव हैं:

  • जी मिचलाना (nausea)
  • उल्टी आना (vomiting)

दिमाग चकराना, खासतौर से अधिक उम्र के लोगों में (mental confusion, particularly in elderly people)

बच्चों और बड़ों में हायोसीन (Hyoscine) का इस्तेमाल सावधानी से किया जाना चाहिए। अगर आपको इनमें से कोई दिक्कत है तो भी आपको इसे सावधानी से इस्तेमाल करना चाहिए:

अगर आपको इनमें से कोई समस्या है तो हायोसीन (Hyoscine) लेने से पहले डॉक्टर या फार्मासिस्ट से सम्पर्क करें।

एंटिहिस्टामाइन्स (Antihistamines)

एंटीहिस्टामाइन (Antihistamines), हायोसीन (Hyoscine) के स्थान पर ली जाने वाली वैकल्पिक दवा है। वे अक्सर एलर्जी के लक्षणों का इलाज करने के लिए उपयोग किए जाते हैं, लेकिन मतली और उल्टी को भी नियंत्रित कर सकते हैं। एंटीहिस्टामाइन (Antihistamines), हायोसीन (Hyoscine) की तुलना में मोशन सिकनेस (Motion sickness) का इलाज करने में थोड़ा कम प्रभावी होते हैं, लेकिन इनके दुष्प्रभाव भी कम हो सकते हैं।

एंटीहिस्टामाइन (Antihistamines), अलग-अलग प्रकार के होते हैं, इनमें से कुछ उनींदेपन (drowsiness) का कारण बनते हैं। एंटिहिस्टामाइन्स (Antihistamines) का उपयोग मोशन सिकनेस (Motion sickness) का इलाज करने में किया जाता है जिससे उनींदापन (drowsiness) होता है, इनमें शामिल हैं -

  • प्रोमिथैज़ीन (Promethazine)
  • साइक्लीजीन (Cyclizine)
  • सिनारिज़िन (Cinnarizine)

ये आमतौर पर आपकी यात्रा से एक या दो घंटे पहले गोलियों के रूप में ली जाती हैं। यदि यह एक लंबी यात्रा है, तो आपको हर आठ घंटे में एक खुराक लेने की आवश्यकता हो सकती है।

अधिक नींद के साथ, इन दवाओं से निम्नलिखित समस्याएं भी हो सकती हैं:

  • सिरदर्द (headaches)
  • चुभन का एहसास (pins and needles)
  • मुंह सा सूखना (a dry mouth)
  • साफ दिखाई ना देना (blurred vision)
  • अन्य उपचार (Complementary therapies)

मोशन सिकनेस के लिए कई पूरक उपचार सुझाए गए हैं, हालांकि उनके कारगर होने के मिले जुले सबूत हैं।

अदरक (Ginger)

यह सुझाव दिया गया है कि अदरक की खुराक लेने से मोशन सिकनेस (Motion sickness) के लक्षणों को रोकने में मदद मिल सकती है। अदरक का उपयोग कभी-कभी अन्य प्रकार की मतली के लिए किया जाता है, जैसे कि गर्भावस्था के दौरान सुबह महसूस होने वाली परेशानी।

विशेष रूप से मोशन सिकनेस का इलाज करने के लिए अदरक के उपयोग पर कुछ शोध किया गया है, लेकिन अदरक का मतली और उल्टी के उपचार के रूप में उपयोग किए जाने का लंबा इतिहास है। मोशन सिकनेस (Motion sickness) के लिए अदरक के उपयोग की जांच करने वाले कुछ अध्ययनों में लाभ मिला, जबकि अन्य में कोई लाभ नहीं मिला।

अदरक की खुराक के साथ-साथ अदरक के बिस्कुट और अदरक की चाय सहित अदरक के कई अन्य उत्पाद उपलब्ध हैं। यदि आप अदरक उत्पादों का उपयोग करते हैं, तो उन्हें एक अच्छी जगह से खरीदें, जैसे कि फार्मासिस्ट या सुपरमार्केट। अदरक की खुराक लेने से पहले, अपने चिकित्सक से जांच लें कि वे आपके द्वारा ली जा रही किसी अन्य दवा को प्रभावित न करें।

कुछ मामलों में अदरक से कुछ मामूली दुष्प्रभाव जैसे कि दस्त और पेट में जलन हो सकती है।

एक्यूप्रेशर बैंड्स (Acupressure bands)

एक्यूप्रेशर बैंड्स, खिचने वाले बैंड्स होते हैं जिन्हें आपको अपनी कलाई पर पहनना होता है। ये आपकी कलाई के अंदर एक विशेष बिंदु पर दबाव डालते हैं जो आपके आंतरिक हाथ को नीचे चलाते हैं।

कुछ पूरक चिकित्सकों ने इस बात का दावा किया है कि एक्यूप्रेशर बैंड्स, मोशन सिकनेस को ठीक करने का एक प्रभावी तरीका हो सकते हैं।

हालांकि, मोशन सिकनेस को ठीक करने के लिए विशेष रूप से एक्यूप्रेशर बैंड का इस्तेमाल किया जाता है, इस पर अधिक रिसर्च नहीं की गई है।

NHS के मूल कॉन्टेंट का अनुवादHealthily लोगो
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महत्वपूर्ण सूचना: हमारी वेबसाइट उपयोगी जानकारी प्रदान करती है लेकिन ये जानकारी चिकित्सीय सलाह का विकल्प नहीं है। अपने स्वास्थ्य के बारे में कोई निर्णय लेते समय आपको हमेशा अपने डॉक्टर की सलाह लेनी चाहिए।